उत्तराखंड की आवाज़
अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों के लिए फिर लागू की जाए 50 प्रतिशत प्रवेश व्यवस्था

देहरादून,चकराताः विधानसभा चकराता क्षेत्र के आवासीय विद्यालयों व प्रौद्योगिक संस्थानों में अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों के लिए पहले की तरह 50 प्रतिशत प्रवेश व्यवस्था लागू करने की मांग को लेकर अंबेडकर महामंच ने दिनांक 06/10/2026 मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को ज्ञापन भेजा। महामंच ने कहा कि यदि प्रशासनिक या कानूनी कारणों से पुरानी व्यवस्था बहाल करना संभव न हो तो क्षेत्र में अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों के लिए कक्षा छह से 12वीं तक का पृथक निश्शुल्क आवासीय विद्यालय स्वीकृत किया जाए।
प्रसिद्ध रंगकर्मी डा. नंदलाल भारती के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। इसमें कहा गया कि वर्ष 2016 से पहले चकराता क्षेत्र के आवासीय विद्यालयों में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों के लिए 50-50 प्रतिशत प्रवेश
व्यवस्था थी। इससे आर्थिक रूप से कमजोर और वंचित परिवारों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण, निशशुल्क आवासीय शिक्षा मिलती थी। महामंच के अनुसार वर्ष 2016 के बाद इन विद्यालयों और प्रौद्योगिक संस्थानों में अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों का प्रवेश लगभग बंद हो गया। विद्यालय स्तर पर शासनादेश और आडिट आपत्तियों का हवाला देते हुए कहा जाता है कि संस्थान केवल अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों के लिए संचालित हैं। अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों को प्रवेश देने पर आडिट आपत्ति की स्थिति उत्पन्न होती है। ज्ञापन में कहा गया कि चकराता विधानसभा क्षेत्र में अनुसूचित जाति समाज की
बड़ी आबादी रहती है। दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों, आर्थिक कठिनाइयों और सीमित शैक्षिक संसाधनों के चलते कई गरीब परिवार बच्चों को बेहतर शिक्षा नहीं दिला पाते। निशुल्क आवासीय व शिक्षा की सुविधा समाप्त होने से बच्चों की पढ़ाई और भविष्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। महामंच ने मांग की कि प्रवेश व्यवस्था बहाल करने के लिए आवश्यक शासनादेश जारी किया जाए। वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर कक्षा छह से 12वीं तक के अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों के लिए पृथक निशुल्क आवासीय विद्यालय स्वीकृत कर संचालित किया जाए। ज्ञापन सौंपने वालों में डॉक्टर गोपाल दास दीनदयाल, धन्नो देवी, जयपाल सिंह, शरण भारती, नरेंद्र सिंह, गुड्डू सागर, किशन कुमार, अनिता शाह, सुनील निराला, शर्मीला, संजू लाल और श्याम सिंह भारती सहित कई उपस्थित रहे।
